आगामी 3 माह में सर्वे के बाद जेलों में शुरू होगा फायर सेफ्टी का कार्य
नई दिल्ली चंडीगढ़, 23 जून - हरियाणा की जेलों को आग की घटनाओं से सुरक्षित करने के लिए नेशनल बिल्डिंग कोड के अनुरूप फायर फाइटिंग स्कीम बनाई जाएगी। मुख्य सचिव श्री संजीव कौशल ने जेल अधिकारियों को आगामी 3 माह में जेलों में फायर सेफटी मानदंडों को पूरा करने के निर्देश दिए।
मुख्य सचिव आज यहाँ जेलों में फायर सेफ्टी ऑडिट को लेकर बैठक कर रहे थे।
श्री संजीव कौशल ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल के निर्देशानुसार प्रदेश में सभी सरकारी भवनों जैसे लघु सचिवालयभवनो, नागरिक अस्पतालों, चिकित्सा महाविद्यालयों, नगर निकायों और जेल भवनों में आग से बचाव की घटनाओं के सभी प्रबंध होने चाहिए।
श्री कौशल ने जेल अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिला जेलों में जो भी आवश्यक बदलाव किए जाने हैं, उनकी विस्तृत सूची तैयार की जाए और जल्द संबंधित विभागों के साथ बैठक कर कार्य योजना बनाई जाए।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में सभी सरकारी भवनों में आग की घटनाओं से बचाव के लिए फायर सेफटी के प्रबंधों को लेकर गंभीरता से कार्य कर रही है। इसलिए जेलों को भी जल्द से जल्द फायर सेफ्टी उपकरणों से सुसज्जित किया जाए, ताकि आग की घटनाओं पर रोक लग सके और किसी भी प्रकार की जान-माल की हानि न हो।
महानिदेशक, जेल मुहम्मद अकील ने मुख्य सचिव को अवगत कराया कि कुछ भवन में फायर सेफ्टी उपकरण लगे हुए हैं और कुछ स्थानों पर और अधिक उपकरणों की आवश्यकता है। तदनुसार सर्वे करवाकर पुलिस हाउसिंग कॉरपोरेशन के माध्यम से 3 माह के अंदर अंदर सभी जिलों में फायर सेफ्टी के मानदंड पूर्ण कर लिए जाएंगे।
बैठक में लोक निर्माण (भवन एवं सड़कें) विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव श्री अनुराग रस्तोगी, महानिदेशक, अग्निशमन सेवाएं, हरियाणा श्री अशोक कुमार मीणा सहित विभाग के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
No comments:
Post a Comment
Note: Only a member of this blog may post a comment.